RAIPUR NEWS छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून की एंट्री के लिए अनुकूल परिस्थितियां बन रही हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले 2 से 3 दिनों में मानसून प्रदेश के कुछ हिस्सों में पहुंच सकता है। इसके साथ ही अगले पांच दिनों तक बारिश, गरज-चमक, तेज हवाएं और वज्रपात की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।
मानसून की एंट्री के लिए बने अनुकूल हालात
रायपुर मौसम केंद्र के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और ओडिशा के कई हिस्सों में सक्रिय हो चुका है। अब इसकी प्रगति छत्तीसगढ़ की ओर भी तेजी से बढ़ रही है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले 48 से 72 घंटों के भीतर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में मानसून प्रवेश के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बन सकती हैं।
प्रदेश में बढ़ी बादलों की सक्रियता
पिछले कुछ दिनों से छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में बादलों की आवाजाही बढ़ी है। कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। मौसम में आए इस बदलाव से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलने लगी है। आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
अगले 5 दिन बारिश और वज्रपात का अलर्ट
मौसम विभाग द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के मुताबिक प्रदेश में अगले पांच दिनों तक गरज-चमक के साथ वर्षा की स्थिति बनी रहेगी। 12 जून को कुछ क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। वहीं 13 से 16 जून के बीच 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने का अनुमान है। इस दौरान कई जिलों में आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है।
तापमान में होगी 2 से 3 डिग्री की गिरावट
बारिश और बादलों की सक्रियता के कारण प्रदेश के अधिकतम तापमान में अगले दो दिनों के दौरान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक कमी दर्ज की जा सकती है। वर्तमान में राजनांदगांव प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं रायपुर का न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है।
किसानों और आम नागरिकों के लिए विशेष सलाह
मौसम विभाग ने किसानों को अपनी फसलों, कृषि उपकरणों और भंडारित उपज को सुरक्षित रखने की सलाह दी है। वहीं आम लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की अपील की गई है। गरज-चमक के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

