नारायणपुर के अदनार जंगल में मिला माओवादियों का पुराना डंप

नारायणपुर के अदनार जंगल में मिला माओवादियों का पुराना डंप

छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में माओवादियों के खिलाफ चलाए जा रहे सर्चिंग अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को एक और बड़ी सफलता मिली है। नारायणपुर के अदनार क्षेत्र के जंगल में पुलिस और बीएसएफ की संयुक्त टीम ने माओवादियों द्वारा पहले छिपाकर रखे गए पुराने डंप का पता लगाया। यहां से बड़ी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है।

सर्चिंग के दौरान मिला पुराना डंप

पुलिस के अनुसार, 29 अगस्त को नारायणपुर पुलिस और 129वीं वाहिनी बीएसएफ की संयुक्त टीम अदनार क्षेत्र के जंगलों में सर्चिंग के लिए रवाना हुई थी। ग्राम अदनार के उत्तर-पश्चिम दिशा में जवानों ने इलाके में सघन तलाशी अभियान चलाया।

इसी दौरान जंगल में सुरक्षा बलों को संदिग्ध स्थान मिला। जांच करने पर वहां माओवादियों द्वारा पहले छिपाकर रखा गया हथियार और विस्फोटक का पुराना डंप सामने आया। जवानों ने मौके से बरामद सभी सामग्री को सुरक्षित कब्जे में ले लिया।

10 राइफल और दो ग्रेनेड लांचर बरामद

बरामद सामान में कुल 10 राइफल शामिल हैं। इनमें एक .303 राइफल, चार .315 राइफल और पांच 12 बोर राइफल बताई गई हैं। इसके अलावा सुरक्षा बलों को दो बैरल ग्रेनेड लांचर और एक टेलिस्कोपिक साइट भी मिली। तलाशी के दौरान 13 जीवित BGL शेल, 12 बोर के 16 कारतूस और करीब दो किलो विस्फोटक भी बरामद किया गया।

पुराने डंप की तलाश पर सुरक्षा बलों का फोकस

सुरक्षा बलों की ओर से बस्तर के जंगलों और दुर्गम इलाकों में लगातार एरिया डामिनेशन और सर्चिंग अभियान चलाए जा रहे हैं। इन अभियानों का एक अहम उद्देश्य उन पुराने ठिकानों और डंप का पता लगाना भी है, जिन्हें माओवादियों ने पहले हथियार और विस्फोटक छिपाने के लिए इस्तेमाल किया था। पुलिस का कहना है कि ऐसे पुराने डंप मिलने से जंगलों में मौजूद माओवादी संसाधनों को हटाने में मदद मिल रही है। इससे संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने में भी सहायता मिलेगी।

अधिकारियों के निर्देशन में चला अभियान

अदनार क्षेत्र में यह अभियान पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल और 129वीं वाहिनी बीएसएफ के कमांडेंट मुकेश कुमार के निर्देशन में चलाया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ऑप्स) अक्षय सबद्रा के मार्गदर्शन में पुलिस और बीएसएफ की संयुक्त टीम ने जंगल में सघन तलाशी ली।

बस्तर में लगातार सामने आ रहे पुराने डंप

31 मार्च के बाद भी बस्तर संभाग के अलग-अलग जिलों में सर्चिंग के दौरान माओवादियों के पुराने डंप और ठिकाने सामने आ रहे हैं। नारायणपुर के अलावा बीजापुर, दंतेवाड़ा और कांकेर में भी सुरक्षा बलों को हथियार, नकदी और विस्फोटक सामग्री मिल चुकी है। 12 मई को अबूझमाड़ के जंगल में एक बड़े डंप से नकदी के साथ एके-47, एसएलआर, अन्य राइफलें और BGL सेल बरामद किए गए थे। 13 मई को बीजापुर में माओवादी ठिकानों से नकदी, हथियार और विस्फोटक मिला था। वहीं 3 मई को दंतेवाड़ा और 29 अप्रैल को कांकेर में भी विस्फोटक सामग्री बरामद की गई थी। अदनार जंगल से हुई ताजा बरामदगी के बाद सुरक्षा बलों ने दुर्गम और संवेदनशील इलाकों में पुराने डंप की तलाश का अभियान जारी रखा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *