बैंक डकैती, गैंग किडनैपिंग जैसी घटनाओं से निपटेगी पुलिस की क्रैक कमांडो टीम, दिल्ली, मुंबई की तर्ज पर रायपुर-दुर्ग में नई पुलिसिंग

  • डीजीपी ने नई टीम के लिए मंगाया बायोडाटा

गिरोहबाजों के द्वारा किए जाने वाले अपराधों से निपटने रायपुर-दुर्ग की पुलिसिंग में जल्द ही बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। दिल्ली, मुंबई के साथ कुछ विदेशी कॉम्बेट टीम की तर्ज पर डीजीपी डीएम अवस्थी छत्तीसगढ़ में भी ऐसे अपराधियों के लिए नए कांसेप्ट की पुलिसिंग की तैयारी कर रहे हैं। इसे क्रैक कमांडो टीम के नाम से दोनों जिलों में स्पेशल ट्रेंड जवान तैनात किए जाएंगे, जिनका रोजमर्रा के कामों से कोई लेना-देना नहीं होगा। सूत्रों का कहना है कि इस साल के शुरू में राजधानी के कारोवारी प्रवीण सोमानी और हाल में बिलासपुर में एक बच्चे के अपहरण की घटनाओं का डीजीपी ने हाल में रिव्यू किया था। इस दौरान यह बात सामने आई कि स्पेशलाइज्ड टीम न होने से अपराधियों तक पहुंचने में न केवल समय लगा बल्कि कई खामियों का भी पता चला। ऐसे ही दुर्ग में हुई बैंक डकैती की पतासाजी में भी पुलिसिंग की कमजोरी सामने आई। इन्हीं घटनाओं को देखते हुए डीजीपी अवस्थी ने पुलिसिंग के नए कांसेप्ट की तैयारी की है। अवस्थी का कहना है कि महानगरों की तरह दोनों शहरों में बड़े-बड़े गिरोह अपराध कर रहे हैं। इस संभावना से भी इंकार नहीं किया जा सकता कि भविष्य में ये गिरोह किसी बड़े आतंकी ग्रुप से जुड़कर बड़ी घटना करें।

इनसे निपटने ही नई पुलिसिंग की तैयारी की जा रही है
सूत्रों के अनुसार इस पर सीएम भूपेश बघेल से सहमति भी ले ली है। सीएम का कहना था कि राज्य गिरोहबाजों के द्वारा किए जा रहे अपराधों से निपटने के लिए अभी ऐसी कोई फोर्स नहीं है। सीएम ने इस कमी को पूरा करने पुलिसिंग के नए कांसेप्ट पर काम करने कहा था। पहले चरण में राजधानी और उससे लगे दुर्ग जिले को शामिल करते हुए क्रैक कमा‌ंडो टीम तैयार की जा रही है। डीजीपी ने दोनों जिलों के एसपी और पुलिस के अन्य प्रकोष्ठों के प्रमुखों को पत्र लिखकर इस टीम में शामिल होने के इच्छुक अफसर-जवानों के बायोडाटा मंगाया है। इसके लिए छसबल और ट्रेनिंग स्कूल के लोग भी दे सकते हैं। दोनों जिलों से 25-25 जवानों की छंटनी कर क्रैक टीम बनेगी। इन्हें 6-6 माह की स्पेशलाइज्ड ट्रेनिंग देश के किसी बड़े पुलिस केंद्र में दी जाएगी। इनकी वर्दी भी अलग होगी।

बड़ी सोच के साथ बनी योजना
सूत्रों के अनुसार एक बड़ी सोच के साथ यह नया कांसेप्ट लाया जा रहा है। अभी देश में केवल दिल्ली और मुंबई और एपी पुलिस के पास ऐसे स्पेशल स्कवाड हैं। इनके अलावे एनएसजी जैसा बल भी है। यह क्रैक टीम उसी तर्ज का होगा। छत्तीसगढ़ में इसे एटीएस की तरह भी उपयोग किया जा सकेगा।

मुख्यालय रायपुर और कमांड आईजी इंटेलिजेेंस को 
कांसेप्ट के अनुसार इस क्रैक टीम की कमान रायपुर में आईजी इंटेलिजेंस के पास होगी। जो जरूरत और घटनाओं के मुताबिक रायपुर-दुर्ग के साथ अन्य जिलों में भेजी जाएगी। एक तरह से रिजर्व टीम की तरह काम करेगी।