आज के आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आयकर में कोई राहत नहीं दी है। और न ही आयकर स्लैब में किसी बदलाव की घोषणा की है। हालांकि, इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने के मोर्चे पर एक सहूलियत दी है। सरकार ने दाखिल आईटीआर में भूल-चूक सुधारने के लिए मोहलत देने का ऐलान करते हुए कहा कि दो साल तक ITR अपडेट कर पाएंगे।
वित्त मंत्री ने एनपीएस में सरकारी कर्मचारियों के कंट्रीब्यूशन पर टैक्स डिडक्शन को 10 फीसदी से बढ़ाकर 14 फीसदी कर दिया है। यही नहीं, डिजिटल एसेट्स के ट्रांसफर में पेमेंट्स पर 1 फीसदी की दर से टैक्स लगेगा। वित्तमंत्री ने यह भी कहा कि लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस पर 15 फीसदी सरचार्ज लागू होगा।
बता दें कि टैक्सपेयर्स को इनकम टैक्स के स्लैब पर किसी तरह की राहत नहीं मिली है। इनकम टैक्स रिटर्न का स्लैब जस का तस है। इसमें कोई सीधी रियायत नहीं दी गई है। वहीं, स्टैंडर्ड डिडक्शन भी बढ़ाने का ऐलान नहीं किया गया है। वहीं, 80C में भी कोई छूट नहीं मिली है। इसके अलावा, वर्चुअल करेंसी पर सरकार ने 30 प्रतिशत टैक्स लगाने की घोषणा की है।

