विभाग की यह कार्रवाई नियंत्रक राजेन्द्र कटारा के निर्देश पर की जा रही है। जांच के दौरान खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, पैकिंग, एक्सपायरी डेट और दुकानों में साफ-सफाई की स्थिति का निरीक्षण किया जा रहा है।
तीन दुकानों से लिए गए खाद्य पदार्थों के सैंपल
जांच के दौरान डूमरतराई स्थित शुभम के मार्ट से बेसन और आटे के नमूने लिए गए। वहीं, मोतीबाग चौक स्थित घनश्याम प्रोविजन स्टोर से सूजी और मैदे के सैंपल लिए गए।
टाटीबंध स्थित विशाल मेगा मार्ट से फर्स्ट क्रॉप ब्रांड की सूजी और साबूदाना के नमूने भी लिए गए हैं। तीनों प्रतिष्ठानों से एकत्र किए गए सैंपल जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
45.5 किलो मैदा और सूजी जब्त
घनश्याम प्रोविजन स्टोर में खराब खाद्य सामग्री मिलने के बाद विभाग ने 18 किलो मैदा और 27.5 किलो सूजी भी जब्त की। इनकी कुल मात्रा 45.5 किलो है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जब्त सामग्री को दुकानदार की जिम्मेदारी में सुरक्षित रखवाया गया है।
खाद्य पदार्थों के नमूनों की प्रयोगशाला रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नवरात्रि में आगे भी जारी रहेगी जांच
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने दुकानदारों को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री बेचने और एक्सपायरी या फफूंद लगी चीजें दुकान में नहीं रखने के निर्देश दिए हैं। विभाग की टीम नवरात्रि के दौरान भी लगातार दुकानों का निरीक्षण करेगी।
खाद्य सामग्री खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
विभाग ने लोगों से अपील की है कि खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेट पर लिखी एक्सपायरी डेट, पैकिंग और अन्य जरूरी जानकारियों को जरूर जांचें। यदि किसी खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता पर संदेह हो, तो इसकी सूचना खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग को दें। इससे खराब या असुरक्षित खाद्य सामग्री की बिक्री पर रोक लगाने में मदद मिल सकती है।
