वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मुलाकात से पहले व्हाइट हाउस में चीनी फोटोग्राफर्स और अमेरिकी सीक्रेट सर्विस के बीच विवाद हो गया। 24 सितंबर को हुई इस घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं, जिनमें कैमरा लगाने की जगह को लेकर बहस और धक्का-मुक्की जैसी स्थिति दिखाई दे रही है।
कैमरा पोजिशन को लेकर हुआ विवाद
रिपोर्ट्स के मुताबिक, शी जिनपिंग के औपचारिक स्वागत से पहले व्हाइट हाउस के प्रेस पूल में फोटोग्राफी की जगह को लेकर विवाद शुरू हुआ। चीनी प्रेस दल सीमित कैमरा क्षेत्रों में पहुंच गया था, जिसके बाद सीक्रेट सर्विस के अधिकारियों ने उन्हें निर्धारित स्थान पर जाने के निर्देश दिए।
घटनास्थल के वीडियो में कुछ पत्रकारों को सुरक्षा अधिकारियों से बहस करते और कैमरा पोजिशन बनाए रखने की कोशिश करते देखा गया। Reuters की एक तस्वीर में भी सीक्रेट सर्विस का एक एजेंट एक चीनी आधिकारिक फोटोग्राफर को दूसरी जगह जाने का निर्देश देता नजर आया।
बहस के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विवाद के दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई और कुछ जगहों पर धक्का-मुक्की भी हुई। घटनास्थल पर मौजूद पत्रकारों के मुताबिक, स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई थी कि सुरक्षा अधिकारियों को हस्तक्षेप करना पड़ा।
हालांकि, यह विवाद शी जिनपिंग के औपचारिक स्वागत से पहले हुआ और इससे राज्य अतिथि के स्वागत समारोह में कोई रुकावट नहीं आई। इसके बाद ट्रंप और फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप ने शी जिनपिंग और उनकी पत्नी पेंग लियुआन का व्हाइट हाउस में औपचारिक स्वागत किया।
व्हाइट हाउस में स्टेट डिनर भी आयोजित
शी जिनपिंग की यात्रा के दौरान ट्रंप और मेलानिया ट्रंप ने उनके और पेंग लियुआन के सम्मान में व्हाइट हाउस के ईस्ट रूम में स्टेट डिनर की मेजबानी की। व्हाइट हाउस के अनुसार, इसमें दोनों देशों के आधिकारिक प्रतिनिधिमंडलों के साथ कारोबारी और सरकारी अधिकारी भी शामिल हुए।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच फोटोग्राफी की जगह को लेकर हुआ विवाद सोशल मीडिया पर चर्चा में रहा, जबकि दोनों देशों के नेताओं का निर्धारित कार्यक्रम आगे जारी रहा।
