जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO ने निवेशकों की भागीदारी के मामले में नया रिकॉर्ड बनाया है। 23 अक्टूबर 2026 को सामने आई जानकारी के मुताबिक, कंपनी के सार्वजनिक निर्गम के लिए आवेदन करने वाले निवेशकों की संख्या एक करोड़ के पार पहुंच गई। खास बात यह रही कि बोली लगाने की प्रक्रिया समाप्त होने से करीब पांच घंटे पहले ही यह आंकड़ा हासिल कर लिया गया था।
इस उपलब्धि के साथ जियो प्लेटफॉर्म्स का IPO दुनिया का पहला ऐसा सार्वजनिक निर्गम बन गया, जिसे एक करोड़ से अधिक आवेदन मिले। इससे पहले वारी एनर्जीज के IPO में लगभग 97 लाख आवेदन मिलने का रिकॉर्ड बताया गया था।
वारी एनर्जीज का रिकॉर्ड पीछे छूटा
आवेदनों की संख्या के मामले में जियो प्लेटफॉर्म्स ने वारी एनर्जीज के पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इसके अलावा बजाज हाउसिंग फाइनेंस और भारत कोकिंग कोल (BCCL) जैसे IPO भी बड़ी संख्या में आवेदन पाने वाले इश्यू में शामिल रहे हैं। इन निर्गमों में करीब 90 लाख आवेदन मिलने की जानकारी सामने आई थी।
जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO को मिली प्रतिक्रिया से भारतीय शेयर बाजार में बड़े सार्वजनिक निर्गमों के प्रति निवेशकों की दिलचस्पी का संकेत मिलता है। हालांकि, आवेदन की संख्या और शेयरों के लिए वास्तविक मांग अलग-अलग मापदंड हैं। किसी IPO में ज्यादा आवेदन मिलने से यह अपने आप तय नहीं होता कि लिस्टिंग के दिन शेयर का प्रदर्शन कैसा रहेगा।
शाम 7 बजे तक जारी थी बोली लगाने की प्रक्रिया
कंपनी के IPO में आवेदन की संख्या तेजी से बढ़ी। रिपोर्ट के मुताबिक, 23 अक्टूबर को दोपहर तक इश्यू को एक करोड़ से अधिक आवेदन मिल चुके थे, जबकि बोली लगाने के लिए समय बाकी था। ऐसे में अंतिम आवेदन संख्या और बढ़ने की संभावना जताई गई थी।
IPO में निवेशकों की भागीदारी के साथ-साथ अलग-अलग श्रेणियों में सब्सक्रिप्शन की स्थिति भी अहम होती है। संस्थागत निवेशकों, गैर-संस्थागत निवेशकों और खुदरा निवेशकों की मांग से इश्यू की कुल सब्सक्रिप्शन स्थिति बनती है। आवेदन संख्या का अंतिम आंकड़ा और सब्सक्रिप्शन के अंतिम आंकड़े अलग-अलग हो सकते हैं।
धीरूभाई अंबानी की विरासत और मुकेश अंबानी का विजन
कंपनी ने इस उपलब्धि को धीरूभाई अंबानी की विरासत और मुकेश अंबानी के उस विजन से जोड़ा है, जिसके तहत अधिक से अधिक भारतीयों को निवेश और संपत्ति निर्माण के अवसरों से जोड़ने की बात कही जाती है।
जियो प्लेटफॉर्म्स दूरसंचार और डिजिटल सेवाओं से जुड़ा कारोबार करती है। कंपनी के IPO को मिली बड़ी प्रतिक्रिया ने निवेशकों के बीच इसके कारोबार और भविष्य की संभावनाओं को लेकर दिलचस्पी को सामने रखा है। हालांकि, निवेश संबंधी फैसला लेते समय कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, कारोबार की रणनीति, जोखिम और IPO से जुड़े आधिकारिक दस्तावेजों का अध्ययन करना जरूरी है।
क्या एक करोड़ आवेदन मिलने का मतलब शानदार लिस्टिंग है?
IPO में रिकॉर्ड संख्या में आवेदन मिलना निवेशकों की मजबूत भागीदारी का संकेत है, लेकिन यह लिस्टिंग पर मुनाफे की गारंटी नहीं देता। शेयर की लिस्टिंग कीमत बाजार की परिस्थितियों, मांग और आपूर्ति, कंपनी के मूल्यांकन तथा निवेशकों की धारणा सहित कई कारकों पर निर्भर करती है।
इसलिए निवेशकों को केवल रिकॉर्ड आवेदन संख्या देखकर फैसला नहीं करना चाहिए। निवेश से पहले IPO का रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस, कंपनी की वित्तीय स्थिति, जोखिम संबंधी जानकारी और अपनी जोखिम उठाने की क्षमता का आकलन करना जरूरी है।
