छत्तीसगढ़ आज 1 नवंबर को अपनी स्थापना के 26 वर्ष पूरे होने के अवसर पर राज्योत्सव मना रहा है। इस खास मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने प्रदेशवासियों को राज्य स्थापना दिवस की बधाई और शुभकामनाएं दीं। दोनों नेताओं ने छत्तीसगढ़ की जनजातीय संस्कृति, प्राकृतिक संपदा और प्राचीन परंपराओं की सराहना करते हुए प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों पर भी खुशी जताई।
वहीं, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी राज्योत्सव पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए खुशहाली, समृद्धि और निरंतर विकास की कामना की। उन्होंने वर्ष 2047 तक समृद्ध, सशक्त और विकसित छत्तीसगढ़ बनाने के लिए सभी लोगों से सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
PM मोदी ने की छत्तीसगढ़ की संस्कृति और विरासत की सराहना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने शुभकामना संदेश में कहा कि छत्तीसगढ़ अपनी जनजातीय संस्कृति, प्राकृतिक संपदा और लोक परंपराओं के लिए विशेष पहचान रखता है। प्रदेश की पुरातात्विक धरोहरें भी इसकी विशिष्ट पहचान का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि यहां की लोक संस्कृति से परिपूर्ण वातावरण में अपनापन महसूस होता है।
प्रधानमंत्री ने प्रदेश में नक्सलवाद की जड़ों के कमजोर होने और विकास की गति तेज होने पर भी प्रसन्नता जाहिर की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ अब विकास के रास्ते पर पहले से अधिक तेजी से आगे बढ़ रहा है।
अमित शाह बोले- विकसित भारत के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगा छत्तीसगढ़
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भी राज्योत्सव के अवसर पर छत्तीसगढ़वासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद के दंश से मुक्त होकर प्रदेश अब विकास के नए अध्याय लिख रहा है।
अमित शाह ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति और प्राचीन परंपराओं को प्रदेश की असली पहचान बताया। उन्होंने विश्वास जताया कि छत्तीसगढ़ विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। साथ ही मां दंतेश्वरी से प्रदेशवासियों की मनोकामनाएं पूरी होने और राज्य की निरंतर प्रगति की कामना की।
CM विष्णु देव साय ने दी राज्य स्थापना दिवस की शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्योत्सव पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए छत्तीसगढ़ की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। उन्होंने कहा कि राज्य की स्थापना के 26 वर्ष पूरे होना सभी प्रदेशवासियों के लिए गौरव का अवसर है।
मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री और भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी का पुण्य स्मरण करते हुए कहा कि उनके दूरदर्शी नेतृत्व और दृढ़ संकल्प से छत्तीसगढ़ राज्य का सपना साकार हुआ। अलग राज्य बनने से प्रदेशवासियों की आशाओं और आकांक्षाओं को नई पहचान मिली और विकास की संभावनाओं के नए रास्ते खुले।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अटल बिहारी वाजपेयी के समृद्ध और विकसित छत्तीसगढ़ के सपने को पूरा करने के लिए लगातार काम कर रही है।
जवानों के साहस और बलिदान को किया नमन
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस वर्ष का राज्योत्सव कई मायनों में ऐतिहासिक और विशेष है। उनके अनुसार, यह पहला राज्योत्सव है, जब छत्तीसगढ़ लाल आतंक से मुक्त होकर शांति, विश्वास और विकास के नए दौर की ओर बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के संकल्प और डबल इंजन सरकार के प्रयासों से यह उपलब्धि संभव हुई है। इस सफलता में सुरक्षा बलों के जवानों के अदम्य साहस, शौर्य और बलिदान का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश उनके योगदान को हमेशा कृतज्ञता के साथ याद करेगा।
CM साय का संकल्प- हर गांव में खुशहाली और युवाओं को अवसर
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि प्रदेश के हर गांव में खुशहाली लाना, प्रत्येक युवा को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर देना और विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, प्राकृतिक संसाधनों और जनशक्ति की ताकत के साथ प्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है।
2047 तक विकसित छत्तीसगढ़ बनाने की अपील
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य स्थापना दिवस केवल उपलब्धियों पर गर्व करने का अवसर नहीं है, बल्कि उज्ज्वल भविष्य के लिए नए संकल्प लेने का भी समय है।
उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि सभी मिलकर वर्ष 2047 तक समृद्ध, सशक्त और विकसित छत्तीसगढ़ बनाने का संकल्प लें और इस लक्ष्य को हासिल करने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं।
