अगर आप iPhone इस्तेमाल करते हैं, तो फोन की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहना जरूरी है। Apple समय-समय पर उन यूजर्स को Threat Notification भेजता है, जिनके डिवाइस पर बेहद जटिल और लक्षित साइबर हमले का खतरा हो सकता है। इनमें Mercenary Spyware एक गंभीर खतरा माना जाता है। Apple के मुताबिक ऐसे हमले आम iPhone यूजर्स को बड़े पैमाने पर निशाना नहीं बनाते। ये हमले आमतौर पर चुनिंदा और संवेदनशील लोगों को टारगेट करने के लिए किए जाते हैं। Apple वर्ष 2021 से ऐसे संभावित लक्षित हमलों को लेकर यूजर्स को अलर्ट भेज रहा है और 150 से ज्यादा देशों में Threat Notifications जारी किए जा चुके हैं।
क्या है Mercenary Spyware
Mercenary Spyware बेहद एडवांस जासूसी सॉफ्टवेयर होता है। यह सामान्य वायरस, फिशिंग या आम मैलवेयर से काफी अलग है। ऐसे स्पायवेयर को विकसित करने में बड़ी तकनीकी क्षमता और संसाधनों का इस्तेमाल हो सकता है। अतीत में Pegasus जैसे स्पायवेयर का नाम भी ऐसे लक्षित साइबर हमलों के संदर्भ में सामने आया है। पत्रकारों, एक्टिविस्ट, राजनेताओं, सरकारी अधिकारियों और अन्य हाई-प्रोफाइल लोगों को इस तरह के हमलों का संभावित लक्ष्य माना जाता रहा है।
बिना क्लिक किए भी हो सकता है हमला
Mercenary Spyware से जुड़े हमले काफी जटिल हो सकते हैं। कुछ मामलों में हमलावर डिवाइस या सॉफ्टवेयर की ऐसी सुरक्षा खामियों का फायदा उठाने की कोशिश कर सकते हैं, जिनकी जानकारी कंपनी को पहले से नहीं होती। इसी वजह से Zero-Click Attack को बेहद खतरनाक माना जाता है। ऐसे हमले में यूजर को किसी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने या कोई ऐप डाउनलोड करने की जरूरत भी नहीं पड़ सकती। हालांकि, हर Mercenary Spyware हमला Zero-Click तरीके से ही हो, यह जरूरी नहीं है।
फोन में Spyware आने पर क्या खतरा है
अगर किसी डिवाइस में अत्याधुनिक स्पायवेयर सफलतापूर्वक पहुंच जाता है, तो हमलावर संवेदनशील जानकारी तक पहुंच बनाने की कोशिश कर सकते हैं। इसमें निजी डेटा, मैसेज, कॉन्टैक्ट्स और डिवाइस से जुड़ी दूसरी महत्वपूर्ण जानकारी शामिल हो सकती है। Apple के अनुसार, ऐसे हमले बेहद महंगे और जटिल होते हैं और आमतौर पर सीमित संख्या में खास लोगों को निशाना बनाते हैं।
Apple कैसे भेजता है Threat Notification
अगर Apple को जांच के आधार पर मजबूत संकेत मिलते हैं कि कोई यूजर व्यक्तिगत रूप से Mercenary Spyware के संभावित हमले का निशाना हो सकता है, तो कंपनी Threat Notification भेज सकती है। यूजर अपने Apple Account में लॉग इन करके इस अलर्ट को देख सकता है। Apple संबंधित ईमेल एड्रेस और फोन नंबर पर ईमेल या iMessage के जरिए भी सूचना भेज सकता है।
नकली Apple अलर्ट से भी रहें सावधान
साइबर अपराधी Apple के नाम का इस्तेमाल करके फर्जी Threat Notification भेज सकते हैं। इसलिए किसी भी संदिग्ध ईमेल या मैसेज पर भरोसा करने से पहले उसकी पुष्टि करना जरूरी है। Apple के अनुसार, असली Threat Notification आपसे ईमेल या फोन पर किसी लिंक पर क्लिक करने, फाइल खोलने, ऐप या प्रोफाइल इंस्टॉल करने अथवा Apple Account का पासवर्ड या वेरिफिकेशन कोड बताने के लिए नहीं कहता। अगर ऐसा अलर्ट मिले, तो किसी मैसेज में दिए लिंक पर क्लिक करने के बजाय सीधे account.apple.com पर जाकर अपने अकाउंट में लॉग इन करके जांच करें।
Threat Notification मिले तो क्या करें
1. Lockdown Mode ऑन करें
Apple ने हाई-रिस्क यूजर्स के लिए Lockdown Mode उपलब्ध कराया है। इसे सक्रिय करने पर iPhone की कुछ सुविधाओं पर अतिरिक्त सुरक्षा प्रतिबंध लगाए जाते हैं, ताकि बेहद जटिल साइबर हमलों के संभावित जोखिम को कम किया जा सके। इसे iPhone में Settings > Privacy & Security > Lockdown Mode से ऑन किया जा सकता है।
2. iPhone को अपडेट रखें
डिवाइस को हमेशा लेटेस्ट iOS वर्जन पर रखना बेहद जरूरी है। सॉफ्टवेयर अपडेट में सुरक्षा कमजोरियों को दूर करने वाले पैच भी शामिल हो सकते हैं।
3. Two-Factor Authentication इस्तेमाल करें
Apple Account में Two-Factor Authentication चालू रखने से अकाउंट की सुरक्षा मजबूत होती है। साथ ही मजबूत और अलग पासवर्ड का इस्तेमाल करना भी जरूरी है।
4. संदिग्ध लिंक से बचें
अनजान ईमेल, मैसेज, अटैचमेंट और संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें। ऐप्स को भी संभव हो तो आधिकारिक App Store से ही डाउनलोड करें।
5. जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञों से मदद लें
अगर किसी यूजर को लगता है कि वह किसी लक्षित और गंभीर साइबर हमले का निशाना हो सकता है, तो साइबर सिक्योरिटी विशेषज्ञों से सलाह लेना बेहतर है।
हर iPhone यूजर को घबराने की जरूरत नहीं
Mercenary Spyware को लेकर सबसे अहम बात यह है कि हर iPhone यूजर इसका संभावित निशाना नहीं है। Apple के मुताबिक, ऐसे हमले बहुत कम संख्या में खास लोगों को टारगेट करते हैं और अधिकांश यूजर्स को इस तरह के हमले का सामना नहीं करना पड़ता। फिर भी फोन को अपडेट रखना, मजबूत पासकोड और पासवर्ड इस्तेमाल करना, Two-Factor Authentication चालू रखना और संदिग्ध लिंक से दूरी बनाए रखना सामान्य साइबर सुरक्षा के लिए जरूरी है।
