मुख्यधारा @ कर्नाटक
कर्नाटक में किसकी सरकार का जबाब मिलने के बाद, किसको मिलेगा मुख्यमंत्री की कुर्सी। शीर्ष स्तर पर मंथन जारी है। इधर सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार की अपनी तैयारी है। डीके शिवकुमार के एड़ी-चोटी का जोर लगने से कांग्रेस दुविधा में, साझा कार्यकाल का समझौता टूटा गया है।
कर्नाटक का अगला मुख्यमंत्री कौन बनेगा इसको लेकर सस्पेंस के बीच सिद्धारमैया एआईसीसी नेताओं से मिलने के लिए सोमवार को दिल्ली रवाना हो गए। कांग्रेस के पर्यवेक्षक सुशील कुमार शिंदे ने कहा था कि जरूरत पड़ने पर सिद्धारमैया और शिवकुमार दोनों को परामर्श के लिए दिल्ली बुलाया जाएगा। इस बीच, कांग्रेस प्रवक्ता के अनुसार शपथ ग्रहण 18 मई (गुरुवार) को होना है।
कांग्रेस द्वारा प्रतिनियुक्त तीन केंद्रीय पर्यवेक्षक नवनिर्वाचित विधायकों से अलग-अलग बात कर सोमवार को दिल्ली लौट गए। वे बाद में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को अधिकांश विधायकों द्वारा व्यक्त किए गए विचारों पर रिपोर्ट सौंपेंगे। सिद्धारमैया दिल्ली के लिए रवाना हो गए, वहीं दूसरी ओर शिवकुमार का कहना है कि उन्हें दिल्ली आने का फोन नहीं आया है।
‘पहले 2 साल मुझे CM, फिर 3 साल DK शिवकुमार’, सिद्धारमैया ने आलाकमान को कर्नाटक में पावर शेयरिंग का फॉर्मूला सुझाया। पर डीके शिवकुमार के एड़ी-चोटी का जोर लगने से कांग्रेस दुविधा में, साझा कार्यकाल का समझौता टूटा गया है।
