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नवरात्रि में साबूदाने से हो गए हैं बोर? ट्राई करें ये 5 स्वादिष्ट फलाहारी रेसिपी

नवरात्रि के नौ दिनों में मां दुर्गा की पूजा-अर्चना के साथ बड़ी संख्या में लोग व्रत भी रखते हैं। इस दौरान खानपान का विशेष ध्यान रखना पड़ता है। लेकिन रोजाना साबूदाने की खिचड़ी, आलू और फल खाकर कई बार मन ऊबने लगता है। ऐसे में व्रत के मेन्यू में कुछ नई और स्वादिष्ट रेसिपी शामिल की जा सकती हैं।

अगर आप भी इस नवरात्रि कुछ अलग बनाना चाहते हैं, तो समा के चावल का पुलाव, साबूदाना वड़ा, कुट्टू की रोटी, मखाने की खीर और दही-फलों की चाट आजमा सकते हैं। ये व्यंजन घर पर आसानी से तैयार किए जा सकते हैं। हालांकि, सामग्री चुनते समय अपने व्रत के नियमों और खानपान की परंपरा का ध्यान जरूर रखें।

1. समा के चावल का पुलाव

व्रत में चावल जैसा स्वाद और टेक्सचर चाहते हैं, तो समा के चावल का पुलाव अच्छा विकल्प हो सकता है। इसमें आलू, मूंगफली और हल्के मसालों का इस्तेमाल किया जाता है।</text>

सामग्री

  • समा के चावल
  • 1-2 आलू
  • थोड़ी मूंगफली
  • हरी मिर्च
  • जीरा
  • सेंधा नमक
  • घी और पानी

बनाने की विधि

सबसे पहले समा के चावलों को अच्छी तरह धोकर कुछ देर भिगो दें। एक पैन में घी गर्म करें और उसमें जीरा व हरी मिर्च डालें। इसके बाद कटे हुए आलू और मूंगफली डालकर कुछ मिनट भूनें।

अब इसमें समा के चावल और जरूरत के अनुसार पानी डालें। पैन को ढककर धीमी आंच पर पकाएं। चावल नरम हो जाएं, तो पुलाव तैयार है। इसे दही के साथ परोस सकते हैं, बशर्ते दही आपके व्रत में मान्य हो।

2. साबूदाना वड़ा

अगर साबूदाने की खिचड़ी से कुछ अलग और कुरकुरा खाने का मन है, तो साबूदाना वड़ा बना सकते हैं। इसे डीप फ्राई करने के बजाय तवे पर कम तेल में भी पकाया जा सकता है।</text>

सामग्री

  • भीगा हुआ साबूदाना
  • उबले आलू
  • भुनी और दरदरी कुटी मूंगफली
  • हरी मिर्च
  • हरा धनिया
  • सेंधा नमक
  • जरूरत के अनुसार तेल या घी

बनाने की विधि

एक बर्तन में भीगा हुआ साबूदाना, मैश किए हुए आलू, मूंगफली, हरी मिर्च, हरा धनिया और सेंधा नमक मिलाएं। इस मिश्रण से छोटे-छोटे वड़े बना लें।

अब तवे पर थोड़ा तेल या घी लगाकर वड़ों को दोनों तरफ से सुनहरा और कुरकुरा होने तक पकाएं। चाहें तो उपयुक्त एयर फ्रायर में भी बना सकते हैं। इन्हें व्रत में मान्य हरी चटनी या दही के साथ परोसें।

3. कुट्टू के आटे की रोटी या पराठा

व्रत में गेहूं की रोटी की जगह कुट्टू के आटे से रोटी या पराठा बनाया जा सकता है। आटे को बांधने और रोटी बनाने में आसानी के लिए इसमें उबला हुआ आलू मिलाया जाता है।</text>

सामग्री

  • कुट्टू का आटा
  • 1 उबला आलू
  • सेंधा नमक
  • जरूरत के अनुसार पानी
  • सेंकने के लिए घी

बनाने की विधि

एक बर्तन में कुट्टू का आटा, मैश किया हुआ उबला आलू और सेंधा नमक मिलाएं। जरूरत के अनुसार थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर नरम आटा तैयार करें।

कुट्टू का आटा सामान्य गेहूं के आटे की तरह आसानी से नहीं बंधता, इसलिए छोटी-छोटी रोटियां बनाना सुविधाजनक रहेगा। इन्हें गर्म तवे पर घी लगाकर दोनों तरफ से सेंक लें। रोटी या पराठे को दही अथवा व्रत में मान्य आलू की सब्जी के साथ खा सकते हैं।

4. मखाने की खीर

व्रत के दौरान मीठा खाने का मन हो, तो मखाने की खीर एक आसान विकल्प है। इसे दूध, मखाने और इलायची की मदद से तैयार किया जा सकता है।</text>

सामग्री

  • मखाने
  • दूध
  • स्वादानुसार चीनी
  • इलायची पाउडर
  • कटे हुए बादाम (वैकल्पिक)

बनाने की विधि

सबसे पहले मखानों को हल्का भूनकर छोटे टुकड़ों में तोड़ लें। एक पैन में दूध गर्म करें और उसमें मखाने डाल दें। धीमी आंच पर पकाएं, ताकि मखाने नरम हो जाएं और दूध थोड़ा गाढ़ा हो जाए।

अब स्वादानुसार चीनी और इलायची पाउडर डालकर अच्छी तरह मिलाएं। चाहें तो कटे हुए बादाम भी डाल सकते हैं। खीर को गर्म या ठंडा, दोनों तरह से परोसा जा सकता है। चीनी की मात्रा अपनी जरूरत के अनुसार रखें।

5. दही और फलों की चाट

अगर कम समय में कुछ हल्का और ताजा बनाना चाहते हैं, तो दही और फलों की चाट तैयार कर सकते हैं। इसे बनाने में ज्यादा मेहनत नहीं लगती और अपनी पसंद के फल शामिल किए जा सकते हैं।

सामग्री

  • सेब
  • केला
  • अनार
  • अपनी पसंद के मौसमी फल
  • ताजा दही
  • भुनी हुई मूंगफली (वैकल्पिक)

बनाने की विधि

सबसे पहले फलों को अच्छी तरह धोकर छोटे टुकड़ों में काट लें। इन्हें एक बर्तन में डालें और ऊपर से ताजा दही मिलाएं। चाहें तो थोड़ी भुनी हुई मूंगफली भी डाल सकते हैं, यदि वह आपके व्रत में मान्य हो।

मसाले और नमक का इस्तेमाल अपनी व्रत परंपरा के अनुसार करें। तैयार फ्रूट चाट को ताजा ही खाएं।

नवरात्रि के व्रत में खानपान का कैसे रखें ध्यान?

व्रत के दौरान सिर्फ साबूदाने, आलू या किसी एक खाद्य पदार्थ पर निर्भर रहने के बजाय फल, दूध-दही, मेवे और व्रत में मान्य अनाज या अन्य विकल्पों को संतुलित मात्रा में शामिल करना बेहतर है।

  • पर्याप्त पानी पिएं: शरीर में पानी की कमी से बचने के लिए नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें।
  • तली हुई चीजें सीमित रखें: रोजाना ज्यादा तेल में बनी चीजें खाने के बजाय कम तेल वाली रेसिपी चुनें।
  • खानपान में विविधता रखें: अपनी परंपरा के अनुसार अलग-अलग फल, मेवे और अन्य उपयुक्त खाद्य पदार्थ शामिल करें।
  • स्वास्थ्य का ध्यान रखें: डायबिटीज, किडनी की बीमारी या दूसरी स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे लोगों को उपवास रखने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

नवरात्रि में व्रत के साथ सेहत का ध्यान रखना भी जरूरी है। अपनी पसंद और व्रत के नियमों के अनुसार इन पांच रेसिपी को मेन्यू में शामिल करके खाने में विविधता ला सकते हैं।

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